Home देश-दुनिया आतंकवादी के प्रति सहानुभूति के मसले पर अखिलेश की चुप्पी अचरज भरीः योगी

आतंकवादी के प्रति सहानुभूति के मसले पर अखिलेश की चुप्पी अचरज भरीः योगी

लखीमपुर खीरी, 20 फरवरी (ऐजेंसी/अशोक एक्सप्रेस)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी (सपा) पर हमले जारी रखते हुए कहा कि आतंकवादी के प्रति सहानुभूति बरतने के मसले पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव की चुप्पी अचरज भरी है। एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने रविवार को कहा कि अहमदाबाद न्यायालय ने जिन 38 आतंकियों को ब्लास्ट मामले में सजा दी है, इनमें से एक सजा पाने वाला व्यक्ति का पिता सपा का पदाधिकारी है। यह जानते हुए भी अखिलेश यादव ने इस मामले में कोई अभी तक कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया है। इससे स्पष्ट है कि अखिलेश की सहानुभूति और संवेदना आतंकवादियों के साथ है, जबकि हमारी संवेदना गरीबों के साथ है।

उन्होने कहा कि यूपी में फिर भाजपा की पूर्ण बहुमत की सरकार बनने जा रही है। यहां सपा और बसपा के प्रत्याशियों की जमानत जब्त होगी और सरकार बनने पर काशी विश्वनाथ धाम की तर्ज पर गोला गोकर्णनाथ का भव्य धाम बनेगा। यूपी का लखीमपुर खीरी जिला वहां बने गोला गोकर्णनाथ मंदिर की वजह से देश में छोटी काशी के नाम से प्रसिद्ध है। इस जिले में हुई अपनी हर जनसभा में मुख्यमंत्री ने गोला गोकर्णनाथ का जिक्र किया और अपनी सरकार की उपलब्धियों का विस्तार से उल्लेख किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पांच वर्षों में उनकी सरकार ने किसान, नौजवान और महिलाओं के हित में कार्य किया। इस दौरान किसानों के कर्ज माफ किए गए और युवाओं को रोजगार और नौकरियां उपलब्ध कराई गई। यूपी को अंधेरे से मुक्त किया। बिना भेदभाव के योजनाओं का लाभ लोगों उपलब्ध कराया। हमने जहां यूपी के विकास पर ध्यान दिया, वही सपा सरकार में दंगे होते थे, कर्फ्यू लगता था। अराजकता का माहौल था। तब सपा सरकार की संवेदना गरीबों की प्रति नहीं आतंकवादियों के प्रति थी। आतंकियों के मुकदमे वापस लिए जाते। अभी भी सपा नेताओं की संवेदना गरीबों के प्रति नहीं बल्कि आतंकवादियों के प्रति है।

उन्होने कहा ‘ दो दिन पहले अहमदाबाद न्यायालय ने 38 आतंकियों को ब्लास्ट मामले में सजा दी। इसमें जिनको सजा मिली है, इनमें से एक सजा पाने वाला व्यक्ति का पिता सपा का पदाधिकारी है और वह सपा का प्रचार कर रहा है। मैं अखिलेश से पूछना चाहता हूं कि इस मामले में उन्होंने अपना स्पष्टीकरण क्यों नहीं दिया है। इस आतंकवादी के प्रति अखिलेश की सहानुभूति और संवेदना क्यों है। क्या अखिलेश की चुप्पी राष्ट्रीय सुरक्षा और आपके (जनता) के साथ करने जैसा नहीं है। उन्होने जनता से पूछा ‘जो लोग आतंकवाद को प्रश्रय दे रहे हैं और राष्ट्र की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं क्या जनता उन्हें अपना वोट देगी। क्या ऐसे लोगों को आपका आशीर्वाद मिलना चाहिए। आतंकवाद को प्रश्रय देने वालों को क्या जनता वोट देगी।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Check Also

प्रतिबंधों से निपटने के लिए उत्तर कोरिया के साथ मिलकर काम करेंगे : पुतिन

सियोल, 18 जून (ऐजेंसी/अशोका एक्स्प्रेस)। उत्तर कोरिया की राजधानी प्योंगयांग में शिखर सम्मे…