Home व्यापार अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस को भड़ला-फतेहपुर एचवीडीसी पारेषण परियोजना के लिए जापानी बैंकों से हासिल किया वित्त पोषण
व्यापार - 11 hours ago

अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस को भड़ला-फतेहपुर एचवीडीसी पारेषण परियोजना के लिए जापानी बैंकों से हासिल किया वित्त पोषण

नई दिल्ली, 09 फरवरी (ऐजेंसी/अशोका एक्स्प्रेस)। अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस लिमिटेड (एईएसएल) ने हरित ऊर्जा निकासी के लिए 950 किलोमीटर लंबी भड़ला–फतेहपुर हाई-वोल्टेज डायरेक्ट करंट (एचवीडीसी) पारेषण परियोजना के लिए जापानी बैंक के एक संघ से दीर्घकालिक वित्त पोषण हासिल किया है।

कंपनी के सोमवार को जारी बयान के अनुसार, यह परियोजना राजस्थान के सौर-समृद्ध क्षेत्रों से नवीकरणीय ऊर्जा को निकालकर भारत के राष्ट्रीय ग्रिड तक पहुंचाने में केंद्रीय भूमिका निभाएगी। साथ ही देश की बढ़ती स्वच्छ बिजली मांग को पूरा करेगी।

बयान में कहा गया कि एईएसएल ने अपनी प्रमुख एचवीडीसी पारेषण परियोजना के लिए जापानी बैंकों के एक संघ से दीर्घकालिक वित्त पोषण सुनिश्चित किया है। ±800 केवी क्षमता वाले उच्च क्षमता एचवीडीसी नेटवर्क के रूप में यह 950 किलोमीटर लंबा गलियारा 6,000 मेगावाट की निकासी क्षमता के साथ राजस्थान के भड़ला को उत्तर प्रदेश के फतेहपुर से जोड़ेगा।

इसके 2029 तक चालू होने की उम्मीद है।

राजस्थान अदाणी ग्रीन एनर्जी लिमिटेड (एजीईएल) के लिए एक प्रमुख उत्पादन केंद्र बना हुआ है, जिसकी परियोजनाएं पहले से ही एईएसएल की अनुषंगी कंपनी अदाणी इलेक्ट्रिसिटी मुंबई लिमिटेड (एईएमएल) को स्वच्छ बिजली आपूर्ति कर रही हैं।

एईएमएल वर्तमान में अपनी आपूर्ति मिश्रण में 40 प्रतिशत से अधिक नवीकरणीय ऊर्जा को एकीकृत करता है, जिससे मुंबई दुनिया के उन बड़े शहरों में शामिल हो गया है जहां सतत बिजली की उल्लेखनीय पैठ है।

यह वित्त पोषण जापानी बैंकिंग साझेदारों एमयूएफजी बैंक लिमिटेड और सुमितोमो मित्सुई बैंकिंग कॉरपोरेशन (एसएमबीसी) के नेतृत्व में किया गया है जो भारत के नवीकरणीय बुनियादी ढांचे के विस्तार में अंतरराष्ट्रीय विश्वास को रेखांकित करता है।

परियोजना को हिताची की उन्नत एचवीडीसी प्रौद्योगिकी का भी समर्थन प्राप्त है जिसे भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (बीएचईएल) के सहयोग से उपलब्ध कराया जा रहा है।

ये साझेदारियां महत्वपूर्ण पारेषण प्रौद्योगिकियों में जापान के नेतृत्व और ‘मेक इन इंडिया’ पहल के तहत स्थानीय विनिर्माण को गहराई देने के भारत के प्रयासों को दर्शाती हैं।

भारत-जापान वित्तीय एवं औद्योगिक गलियारे की मजबूती एईएसएल को जापानी एजेंसी जेसीआर से हाल में मिली बीबीबी+ (स्थिर) क्रेडिट रेटिंग में भी परिलक्षित होती है, जो भारत की ‘सॉवरेन रेटिंग’ के अनुरूप है।

एईएसएल के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) कंदरप पटेल ने कहा, ‘‘ हमारे जापानी साझेदारों (जिनमें प्रमुख बैंक व हिताची शामिल हैं) से लगातार मिल रहा समर्थन, भारत–जापान साझेदारी की गहराई एवं टिकाऊ ऊर्जा भविष्य को सक्षम बनाने की हमारी साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।’’

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also

गुरुद्वारा रकाबगंज साहिब, दिल्ली में भव्य शुकराना कीर्तन समागम का आयोजन

नई दिल्ली ( इंद्रजीत सिंह )गुरुद्वारा रकाबगंज साहिब, नई दिल्ली स्थित लखी शाह बनजारा हॉल नं…